मिडिल ईस्ट में बढ़ा तनाव: ईरान ने अमेरिकी ठिकानों पर फिर किया हमला, कई देशों में मिसाइल स्ट्राइक
अमेरिकी कार्रवाई के जवाब में ईरान की जवाबी कार्रवाई तेज, क्षेत्र में युद्ध जैसे हालात
अंतरराष्ट्रीय डेस्क | अनिरुद्ध नारायण (इंटर्न):
मिडिल ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। ताजा घटनाक्रम में ईरान ने क्षेत्र में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर नए सिरे से मिसाइल हमले किए हैं, जिससे हालात और अधिक गंभीर हो गए हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ईरान ने कुवैत, बहरीन और जॉर्डन समेत कई देशों में मौजूद अमेरिकी सैन्य अड्डों को निशाना बनाया। यह हमला अमेरिका द्वारा ईरान के ठिकानों पर की गई कार्रवाई के जवाब में किया गया है।
बताया जा रहा है कि ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड ने इन हमलों को “जवाबी कार्रवाई” करार दिया है और चेतावनी दी है कि यदि अमेरिकी हमले जारी रहे तो पूरे क्षेत्र में हालात और बिगड़ सकते हैं।
वहीं, अमेरिकी पक्ष का कहना है कि उसने ईरान के खिलाफ की गई सैन्य कार्रवाई को “रक्षात्मक” बताया है। अमेरिका ने हाल ही में ईरान के कई सैन्य ठिकानों पर एयरस्ट्राइक भी किए थे, जिसके बाद यह तनाव तेजी से बढ़ा है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, कई जगहों पर मिसाइलों और ड्रोन को एयर डिफेंस सिस्टम द्वारा इंटरसेप्ट भी किया गया, हालांकि हमलों के कारण क्षेत्र में भय और अस्थिरता का माहौल बना हुआ है।
विशेषज्ञों का मानना है कि दोनों देशों के बीच यह “टिट-फॉर-टैट” (एक-दूसरे पर जवाबी हमला) स्थिति किसी बड़े संघर्ष का रूप ले सकती है। इससे वैश्विक स्तर पर भी असर देखने को मिल रहा है, खासकर तेल कीमतों और व्यापार पर दबाव बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
फिलहाल, अंतरराष्ट्रीय समुदाय स्थिति पर नजर बनाए हुए है और तनाव कम करने के लिए कूटनीतिक प्रयासों की बात कही जा रही है। हालांकि, लगातार हो रही सैन्य कार्रवाई ने मिडिल ईस्ट को एक बार फिर युद्ध के मुहाने पर ला खड़ा किया है।