बिहार में राहुल गांधी की ‘संविधान बचाओ यात्रा’ 17 अगस्त से, 25 जिलों में होगा विपक्ष का शक्ति प्रदर्शन
पटना, संवाददाता – आगामी बिहार विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने राज्य में राजनीतिक माहौल गर्माने की तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं विपक्ष के नेता राहुल गांधी 17 अगस्त से ‘संविधान बचाओ यात्रा’ की शुरुआत करेंगे। यह पदयात्रा और मोटरकैड का मिश्रित स्वरूप होगा, जो राज्य के 25 जिलों से गुजरते हुए 1 सितम्बर को पटना के गांधी मैदान में विशाल जनसभा के साथ समाप्त होगी।
इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य चुनाव आयोग द्वारा की जा रही विशेष संवेदी पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) प्रक्रिया के खिलाफ जनसमर्थन जुटाना है। विपक्ष का आरोप है कि इस प्रक्रिया में बिहार के मतदाता सूची से 65 लाख से अधिक नाम हटा दिए गए हैं, जो लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला है।
कांग्रेस इस यात्रा को राहुल गांधी की 2022 की ‘भारत जोड़ो यात्रा’ की तर्ज पर तैयार कर रही है। यात्रा के दौरान गांधी रोजाना सुबह और दोपहर दो चरणों में पैदल एवं वाहन से यात्रा करेंगे, साथ ही रास्ते में छोटे-छोटे जनसंवाद और स्थानीय प्रतिनिधियों से मुलाकात करेंगे। रात्रि विश्राम के लिए विशेष कंटेनर तैयार किए जा रहे हैं, ठीक वैसे ही जैसे पिछली यात्रा में हुआ था।
यात्रा का शुभारंभ सासाराम से होगा, जो रोहतास, औरंगाबाद, गया, पटना समेत 25 जिलों से होते हुए पटना पहुंचेगी। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने यात्रा की सफलता के लिए राष्ट्रीय स्तर के कई नेताओं को जिला समन्वयक बनाया है। यात्रा में अलग-अलग चरणों पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और INDIA गठबंधन के अन्य दलों के नेता भी शामिल होंगे। राजद नेता तेजस्वी यादव पूरे अभियान में राहुल गांधी के साथ रहेंगे।
यात्रा का समापन 1 सितम्बर को पटना के गांधी मैदान में भव्य रैली के रूप में होगा, जिसमें सभी प्रमुख विपक्षी नेता शामिल होंगे। कांग्रेस का दावा है कि यह रैली बिहार ही नहीं, बल्कि पूरे देश में भाजपा और चुनाव आयोग के ‘मतदाता सूची में हेरफेर’ के खिलाफ एक मजबूत संदेश देगी।