दक्षिण अफ्रीका ने रचा इतिहास, दक्षिण कोरिया को हराकर पहली बार नॉकआउट में पहुंचा
63वें मिनट में मासेको का गोल बना जीत की कुंजी, कोरिया की उम्मीदें अब ‘बेस्ट थर्ड’ पर टिकी
अनिरुद्ध नारायण, इंटर्न
मोंटेरे (मेक्सिको), खेल डेस्क:
फीफा विश्व कप 2026 में दक्षिण अफ्रीका ने इतिहास रचते हुए दक्षिण कोरिया को 1-0 से हराकर पहली बार नॉकआउट चरण में जगह बना ली। यह जीत ग्रुप-ए के निर्णायक मुकाबले में आई, जहां दोनों टीमों के लिए यह मैच ‘करो या मरो’ जैसा था।
दक्षिण अफ्रीका की ओर से मैच का एकमात्र और निर्णायक गोल थापेलो मासेको ने 63वें मिनट में किया। इस गोल ने टीम को चार अंक दिलाते हुए ग्रुप में दूसरा स्थान दिलाया और उन्हें अगले दौर का टिकट भी सुनिश्चित कर दिया।
पहली बार नॉकआउट में पहुंचा ‘बाफाना बाफाना’
दक्षिण अफ्रीका के लिए यह उपलब्धि ऐतिहासिक है, क्योंकि इससे पहले वह कभी भी विश्व कप के ग्रुप चरण से आगे नहीं बढ़ सका था। 1998, 2002 और 2010 में टीम का सफर ग्रुप स्टेज पर ही समाप्त हो गया था।
इस बार टीम ने शानदार वापसी करते हुए पहले मैच की हार के बाद वापसी की और अंततः नॉकआउट में प्रवेश कर लिया।
कोरिया का दबदबा बेअसर
पूरे मैच में दक्षिण कोरिया ने गेंद पर ज्यादा कब्जा बनाए रखा, लेकिन वह इसे गोल में तब्दील नहीं कर सका। टीम के स्टार खिलाड़ी सोन ह्यूंग-मिन को दूसरे हाफ में उतारा गया, लेकिन तब तक दक्षिण अफ्रीका की मजबूत डिफेंस दीवार खड़ी हो चुकी थी।
कोरिया के पास कई मौके आए, लेकिन फिनिशिंग की कमी के कारण वे बराबरी का गोल नहीं कर सके। अब उनकी किस्मत इस बात पर निर्भर करेगी कि वे ‘बेस्ट थर्ड प्लेस’ टीम के रूप में आगे बढ़ पाते हैं या नहीं।
कोच ने टीम की रणनीति को दिया श्रेय
दक्षिण अफ्रीका के कोच ह्यूगो ब्रूस ने जीत के बाद टीम की रणनीति और अनुशासन की तारीफ की। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों ने दबाव में भी शानदार खेल दिखाया और विरोधी को मौका नहीं दिया।
अगला मुकाबला कनाडा से
नॉकआउट चरण में दक्षिण अफ्रीका का अगला मुकाबला सह-मेजबान कनाडा से होगा, जहां टीम अपनी ऐतिहासिक यात्रा को आगे बढ़ाने की कोशिश करेगी।
दक्षिण अफ्रीका की यह जीत सिर्फ एक मैच की जीत नहीं, बल्कि विश्व फुटबॉल में उसकी नई पहचान की शुरुआत है। वहीं, दक्षिण कोरिया के लिए यह हार उम्मीदों पर बड़ा झटका साबित हुई है।