नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए चंपत राय और अनिल मिश्रा ने दिया इस्तीफा
एफआईआर दर्ज होने के बाद बढ़ा विवाद, SIT जांच जारी; करोड़ों के दान में गड़बड़ी के आरोप
लखनऊ,।
अयोध्या स्थित राम मंदिर में दान राशि में कथित गड़बड़ी के मामले ने बड़ा मोड़ ले लिया है। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है। दोनों ने यह कदम नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए उठाया है।
जानकारी के अनुसार, यह इस्तीफा उस समय सामने आया जब मंदिर में मिले दान के दुरुपयोग को लेकर मामला दर्ज किया गया। इस संबंध में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है, जिसमें कई लोगों को आरोपी बनाया गया है।
करोड़ों के दान में गड़बड़ी का आरोप
मामले की शुरुआत उस समय हुई जब पूर्व विधायक पवन पांडे ने आरोप लगाया कि मंदिर में आए लगभग 7 से 7.5 करोड़ रुपये के दान में गड़बड़ी की गई है। इसके बाद उत्तर प्रदेश सरकार ने 14 जून को एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया, जो पूरे मामले की जांच कर रही है।
कई आरोपी, जांच तेज
एफआईआर में अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, अविनाश शुक्ला, टिन्नू यादव और अन्य के नाम शामिल हैं। पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी है और कई लोगों को हिरासत में लिया गया है।
राजनीतिक बयानबाजी भी तेज
इस पूरे विवाद पर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार इस मामले में ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाएगी और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। साथ ही उन्होंने लोगों से SIT जांच में सहयोग करने की अपील की।