राम मंदिर चंदा घोटाले पर गरमाएगी संसद, कांग्रेस ने SC निगरानी में जांच की उठाई मांग
नई दिल्ली। अयोध्या के राम मंदिर में कथित चंदा चोरी के मामले को लेकर राजनीति तेज हो गई है। कांग्रेस ने घोषणा की है कि वह आगामी मानसून सत्र में इस मुद्दे को जोरदार तरीके से उठाएगी और सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच की मांग करेगी।
कांग्रेस का आरोप है कि राम मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा दिए गए दान में बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हुई हैं। पार्टी ने केंद्र सरकार पर पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाते हुए कहा कि इतने बड़े धार्मिक और राष्ट्रीय महत्व के प्रोजेक्ट में जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए।
कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि जब उन्होंने मंदिर निर्माण का श्रेय लिया है, तो अब इस विवाद पर जवाब देना भी उनकी जिम्मेदारी है। पार्टी का कहना है कि इस पूरे मामले में सच्चाई सामने लाने के लिए निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच जरूरी है।
गौरतलब है कि इस मामले में पहले ही कई लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की जा चुकी है और जांच एजेंसियां दान राशि के दुरुपयोग के आरोपों की पड़ताल कर रही हैं।
सूत्रों के अनुसार, विशेष जांच टीम (SIT) ने अपनी प्रारंभिक जांच में सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी में गंभीर खामियों की ओर इशारा किया है, जिससे चोरी की घटनाएं संभव हुईं।
अब मानसून सत्र में यह मुद्दा राजनीतिक रूप से और गरमाने की संभावना है। विपक्ष इस मामले को सरकार को घेरने के लिए बड़े हथियार के रूप में इस्तेमाल कर सकता है, जबकि सरकार की ओर से भी जवाबी रणनीति तैयार की जा रही है।