न्यायपालिका में ऐतिहासिक कदम: जस्टिस मीनाक्षी मदन राय बनीं पटना हाईकोर्ट की पहली पूर्वोत्तर महिला मुख्य न्यायाधीश
अनिरुद्ध नारायण, इंटर्न
पटना। भारतीय न्यायपालिका में एक ऐतिहासिक अध्याय जुड़ गया है। सिक्किम हाईकोर्ट की वरिष्ठ न्यायाधीश जस्टिस मीनाक्षी मदन राय को पटना हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया है। वह पूर्वोत्तर भारत से आने वाली पहली महिला हैं, जिन्होंने किसी हाईकोर्ट का नेतृत्व संभाला है।
केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की सिफारिश के बाद उनकी नियुक्ति को अधिसूचित किया। जस्टिस राय मौजूदा मुख्य न्यायाधीश के सेवानिवृत्त होने के बाद पदभार ग्रहण करेंगी।
जस्टिस मीनाक्षी मदन राय इससे पहले सिक्किम हाईकोर्ट में न्यायाधीश के रूप में कार्यरत थीं और कई बार कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश की जिम्मेदारी भी संभाल चुकी हैं। वह सिक्किम से हाईकोर्ट की पहली महिला न्यायाधीश भी रही हैं, जो उनके करियर की एक बड़ी उपलब्धि मानी जाती है।
उनकी नियुक्ति को न केवल पूर्वोत्तर भारत बल्कि पूरे देश के लिए गर्व का क्षण माना जा रहा है। न्यायपालिका में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी के लिहाज से भी यह एक महत्वपूर्ण कदम है। हाल ही में पहली बार देश के चार हाईकोर्ट में एक साथ महिला मुख्य न्यायाधीश नियुक्त होने की स्थिति बनी है, जिसमें जस्टिस राय की भूमिका अहम है।
कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि जस्टिस राय का लंबा न्यायिक अनुभव और प्रशासनिक क्षमता पटना हाईकोर्ट के कामकाज को नई दिशा दे सकती है। उनके नेतृत्व में न्यायिक प्रणाली में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है।