कुत्ते का कटा सिर मिलने से मचा हड़कंप, मोमोज फैक्ट्री पर छापा
स्वास्थ्य विभाग ने फैक्ट्री मालिक पर लगाया ₹12,000 का जुर्माना
मोहाली: पंजाब के मोहाली जिले में स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम की संयुक्त टीम ने एक मोमोज और स्प्रिंग रोल बनाने वाली फैक्ट्री पर छापा मारा। छापेमारी के दौरान फैक्ट्री में बेहद गंदे हालात के बीच फ्रिज में एक कुत्ते का कटा सिर मिलने से हड़कंप मच गया। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद अधिकारियों ने फैक्ट्री मालिक पर ₹12,000 का जुर्माना लगाया, साथ ही प्लास्टिक बैग का स्टॉक रखने पर ₹10,000 का अतिरिक्त जुर्माना भी ठोका।
वीडियो वायरल होने पर हरकत में आई टीम
माताुर गांव स्थित इस फैक्ट्री का मामला तब सामने आया जब सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें फैक्ट्री में गंदगी और अस्वच्छ परिस्थितियों में मोमोज बनाए जाने का खुलासा हुआ। वीडियो के आधार पर जिला स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम की टीम ने सोमवार को छापेमारी की।
फ्रिज में मिला कुत्ते का सिर, मचा हड़कंप
जांच के दौरान अधिकारियों को फैक्ट्री के फ्रिज में कुत्ते का कटा हुआ सिर मिला, जो देखने में पग नस्ल का लग रहा था। हालांकि, प्रारंभिक जांच में अधिकारियों ने साफ किया कि कुत्ते के मांस का इस्तेमाल मोमोज में किए जाने के कोई सबूत नहीं मिले हैं। फैक्ट्री में काम करने वाले नेपाली मूल के कर्मचारियों ने दावा किया कि सिर उनके निजी उपयोग के लिए रखा गया था।
खराब मांस और सड़े-गले खाद्य पदार्थ बरामद
छापेमारी के दौरान टीम को फैक्ट्री में सड़ा-गला मांस, बासी खाना और गंदगी में पड़े मोमोज मिले। अधिकारियों ने मोमोज रैपर, सॉस और अन्य सामग्री के सैंपल लेकर जांच के लिए लैब में भेजे हैं। वहीं, कुत्ते के सिर को पशु चिकित्सा विभाग को सौंप दिया गया है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि इसका खाद्य सामग्री में उपयोग किया गया था या नहीं।
दो साल से सप्लाई हो रहे थे मोमोज
यह फैक्ट्री बीते दो वर्षों से चंडीगढ़, पंचकूला और कालका सहित कई इलाकों में रोजाना एक क्विंटल से अधिक मोमोज और स्प्रिंग रोल सप्लाई कर रही थी। फैक्ट्री के पास आवश्यक स्वच्छता मानकों का पालन न करने पर अधिकारियों ने कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
नगर निगम आयुक्त ने दिए सख्त निर्देश
मोहाली नगर निगम आयुक्त परमिंदर पाल सिंह ने कहा, “गंदे हालात में काम करने वाले खाद्य उत्पादन केंद्रों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। फैक्ट्री मालिक पर जुर्माना लगाया गया है और लाइसेंस की जांच की जा रही है। हमारा लक्ष्य लोगों को सुरक्षित और स्वच्छ खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना है।”
स्वास्थ्य विभाग ने चेतावनी दी है कि जिले में इस तरह के खाद्य उत्पादन केंद्रों पर निगरानी बढ़ाई जाएगी और खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
रिपोर्ट: अनिरुद्ध नारायण
