पीएम मोदी ने कृषि और शिक्षा में AI की संभावनाओं पर स्टार्टअप सीईओ से की खास बातचीत
नई दिल्ली, 20 फरवरी — प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 के कार्यक्रम में एआई और डी-टेक स्टार्टअप्स के प्रमुखों (CEOs) से मुलाकात कर कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) तकनीक को कृषि, शिक्षा और पर्यावरण रक्षा जैसे क्षेत्रों में उपयोग करने की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। इस दौरान प्रधानमंत्री ने AI के इस्तेमाल को भारत की आवश्यकताओं के अनुरूप विकसित करने पर जोर दिया।
बैठक में लगभग 16 AI व डी-टेक स्टार्टअप्स के प्रमुखों ने अपने नवाचार, परियोजनाएँ और AI के व्यावसायिक उपयोग के तरीकों को प्रधानमंत्री के समक्ष प्रस्तुत किया। प्रधानमंत्री ने डेटा गवर्नेंस की मजबूती पर बल देते हुए गलत सूचना (मिसइन्फॉर्मेशन) के खिलाफ सतर्क रहने की भी बात कही।
प्रधानमंत्री ने कहा कि कृषि क्षेत्र में AI का इस्तेमाल फसल उत्पादकता, मिट्टी स्वास्थ्य और उर्वरक उपयोग को मॉनिटर करने में मदद कर सकता है, जिससे किसानों को लाभ मिलेगा। इसके अलावा, उन्होंने मातृभाषा में उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए AI आधारित उपकरणों के विकास पर भी विचार किया।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने डिजिटल नवाचार के मॉडल के रूप में UPI का उल्लेख करते हुए भारतीय कंपनियों पर विश्वास रखने और घरेलू उत्पादों को अपनाने की भी बात कही। उन्होंने स्टार्टअप जगत के नवप्रवर्तकों की सराहना की और उन्हें साहसिक निर्णय लेने के लिए बधाई दी।
बैठक में कृषि, स्वास्थ्य, साइबर सुरक्षा, स्पेस तकनीक, तथा शिक्षा जैसे विविध क्षेत्रों में कार्यरत स्टार्टअप्स के प्रतिनिधि भी शामिल थे और उन्होंने भारत में AI के बढ़ते अवसरों और संभावनाओं पर अपने विचार साझा किए।
राउंडटेबल में प्रधान सचिव पी.के. मिश्रा, प्रधान सचिव-2 शक्तिकांत दास और राज्य मंत्री जीतिन प्रसाद भी उपस्थित रहे।