अमेरिकी टैरिफ और UPI शुल्क को लेकर खरगे का PM मोदी पर हमला, बोले- ‘ट्रंप कहते हैं तो आप सरेंडर कर देते हैं’

नई दिल्ली, 16 सितंबर। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से भारत पर टैरिफ को लेकर दिए जा रहे बयानों और UPI पर नए मर्चेंट शुल्क के मुद्दे को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा है। खरगे ने आरोप लगाया कि अमेरिकी दबाव के सामने केंद्र सरकार झुक रही है। यह कांग्रेस का राजनीतिक आरोप है।

UPI शुल्क पर भी उठाए सवाल

खरगे ने UPI के नए शुल्क ढांचे को लेकर भी सरकार से सवाल किए। NPCI के अनुसार, 15 अक्टूबर 2026 से 2,000 रुपये से अधिक के पात्र मर्चेंट UPI लेन-देन पर 0.4 प्रतिशत MDR लागू होगा। हालांकि, यह शुल्क उपभोक्ताओं से सीधे वसूलने की अनुमति नहीं होगी।

P2P भुगतान रहेगा मुफ्त

नए ढांचे में व्यक्ति से व्यक्ति यानी P2P UPI भुगतान पर MDR लागू नहीं होगा। 2,000 रुपये तक के पात्र मर्चेंट भुगतान पर भी MDR नहीं लगेगा। 75,000 रुपये से अधिक के सामान्य मर्चेंट लेन-देन पर MDR की अधिकतम सीमा 300 रुपये तय की गई है।

अमेरिकी टैरिफ को लेकर भी सरकार पर सवाल

खरगे ने अमेरिका की ओर से भारत पर लगाए जा रहे या प्रस्तावित टैरिफ को लेकर भी केंद्र सरकार की नीति पर सवाल उठाए। अमेरिकी प्रशासन की ओर से रूस से तेल खरीदने वाले देशों पर अतिरिक्त शुल्क लगाने की संभावनाओं को लेकर भी भारत पर दबाव की चर्चा जारी है। हालिया अमेरिकी कदमों में भारत के साथ व्यापार और रूस से ऊर्जा खरीद का मुद्दा जुड़ा रहा है।

UPI शुल्क पर सरकार का तर्क

दूसरी ओर, नए MDR ढांचे के समर्थन में सरकार और NPCI का कहना है कि UPI के बुनियादी ढांचे, साइबर सुरक्षा, धोखाधड़ी रोकथाम और सेवा की विश्वसनीयता के लिए लगातार निवेश जरूरी है। नए शुल्क से मिलने वाली राशि इसी इकोसिस्टम को मजबूत करने के लिए इस्तेमाल की जाएगी। छोटे QR-आधारित व्यापारियों के लिए भी कुछ श्रेणियों में शुल्क से छूट का प्रावधान रखा गया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *