राजगीर में फिर से कमल खिलाने का संकल्प
भाजपा कार्यकर्ताओं की बैठक में राजगीर सीट भाजपा को लौटाने की मांग तेज
राजगीर, नालंदा, 20 जुलाई
राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण मानी जाने वाली राजगीर विधानसभा सीट को भारतीय जनता पार्टी को वापस दिलाने की मांग अब ज़ोर पकड़ने लगी है। रविवार को सिलाव मंडल अंतर्गत पाकी गांव में नालंदा जिला भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष डॉ. सुरेन्द्र कुमार की अध्यक्षता में एक अहम कार्यकर्ता बैठक आयोजित की गई, जिसमें राजगीर विधानसभा की वर्तमान राजनीतिक स्थिति पर चिंतन हुआ और आगे की रणनीति पर चर्चा की गई।
बैठक में उपस्थित पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं ने स्पष्ट रूप से कहा कि राजगीर की ऐतिहासिक विरासत, जहाँ 1967 से लेकर कई दशकों तक जनसंघ और भाजपा ने मजबूत उपस्थिति दर्ज की है, अब भी भाजपा के मूल विचारों और जनसंपर्क की कर्मभूमि है। कार्यकर्ताओं ने मांग रखी कि आगामी विधानसभा चुनाव में यह सीट फिर से भाजपा के खाते में जानी चाहिए।

बैठक में यह भी कहा गया कि भले ही गठबंधन धर्म को निभाया गया हो, लेकिन वर्तमान विधायक की कार्यशैली से कार्यकर्ता और आमजन दोनों असंतुष्ट हैं। यह मांग केवल पार्टी हित में नहीं, बल्कि जनता की जनभावना और अपेक्षाओं को स्वर देने के लिए की जा रही है।
बैठक में भाजपा के कई वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों ने भाग लिया, जिनमें पूर्व जिला महामंत्री श्री श्रवण सिंह, पूर्व जिला उपाध्यक्ष राजाराम सिंह, निवर्तमान जिला उपाध्यक्ष श्यामकिशोर सिंह, निवर्तमान मंत्री रवि राज, साथ ही मंडल अध्यक्ष बिपिन झा (राजगीर नगर), संजीव (सिलाव), धर्मेन्द्र कुशवाहा (गिरियक), अविनाश कुमार गुड्डू (पावापुरी), राधेश्याम चौहान (बिहार शरीफ ग्रामीण दक्षिणी), पूर्व मंडल अध्यक्ष नीतू सिंह, मुखिया प्रतिनिधि गोलू, पार्षद प्रतिनिधि अभय शुक्ला ‘वोसु’, सतन सिंह, विनोद कुमार कवि, अनुज सिंह (पूर्व मंडल अध्यक्ष सिलाव), धीरज कुमार, सुरेश सिंह, बालमुकुंद और गाजीपुर के राजाराम सिंह उपस्थित रहे।
कार्यकर्ताओं ने एक स्वर में संगठन के प्रति निष्ठा प्रकट करते हुए संकल्प लिया कि आने वाले समय में राजगीर विधानसभा में भाजपा को फिर से मजबूती से स्थापित किया जाएगा।
सभा के अंत में यह नारा गूंजा —
“राजगीर की धरती पुकार रही है, कमल फिर से खिलना चाहिए!”
“विरासत के सम्मान में, कार्यकर्ता एक स्वर में!”