दोहरा वोटर विवाद: तेजस्वी के बाद डिप्टी सीएम विजय सिन्हा पर भी आरोप, कांग्रेस ने मांगा इस्तीफा
पटना, संवाददाता।
बिहार में मतदाता सूची संशोधन प्रक्रिया (SIR) के दौरान एक और बड़ा राजनीतिक विवाद सामने आ गया है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर दोहरे EPIC नंबर रखने के आरोप के बाद अब राज्य के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा भी इसी तरह के मामले में घिरते नजर आ रहे हैं। कांग्रेस ने उन पर दो अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों में मतदाता के रूप में पंजीकृत होने का गंभीर आरोप लगाते हुए तत्काल इस्तीफा और एफआईआर की मांग की है।
कांग्रेस का दावा है कि विजय सिन्हा का नाम लखीसराय और पटना के बांकीपुर, दोनों विधानसभा क्षेत्रों की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में दर्ज है। पार्टी का कहना है कि उन्होंने दोनों जगह SIR फॉर्म भी भरा, जबकि जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 17 और 18 के तहत एक व्यक्ति का नाम केवल एक ही मतदाता सूची में दर्ज हो सकता है।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष के अनुसार, यह मामला महज तकनीकी चूक नहीं बल्कि चुनाव आयोग और भाजपा की ‘मिलीभगत’ का परिणाम है। उन्होंने सवाल उठाया कि हाल ही में आयोग ने बिहार में लाखों डुप्लिकेट नाम हटाए, फिर भी उपमुख्यमंत्री का मामला कैसे नजरअंदाज कर दिया गया? क्या नियम सिर्फ आम मतदाताओं के लिए हैं?
पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि सत्ता पक्ष के बड़े नेताओं के लिए चुनावी नियमों की अनदेखी की जा रही है, जिससे मतदाता सूची की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। कांग्रेस ने इसे “चुनावी प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर खतरा” बताया और कहा कि ऐसे मामलों से लोकतंत्र की जड़ें कमजोर होती हैं।
वहीं, विजय सिन्हा की ओर से अब तक इस विवाद पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अगर आरोप सही साबित होते हैं, तो यह मामला चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और निष्पक्षता पर गंभीर प्रश्नचिन्ह खड़ा करेगा।