E20 पेट्रोल से माइलेज में हल्की गिरावट संभव, सरकार ने बताया ‘मामूली असर’
नई दिल्ली: पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने स्पष्ट किया है कि E20 (20 प्रतिशत एथेनॉल मिश्रित) पेट्रोल के उपयोग से वाहनों की माइलेज में हल्की गिरावट आ सकती है। हालांकि उन्होंने इसे ‘मामूली’ बताते हुए कहा कि इससे घबराने की जरूरत नहीं है।
दिल्ली में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान मंत्री पुरी ने कहा कि एथेनॉल मिश्रित ईंधन के कारण माइलेज “थोड़ा कम” हो सकता है, लेकिन यह कमी कई अन्य कारकों पर भी निर्भर करती है। उन्होंने यह भी बताया कि एथेनॉल का उपयोग रेसिंग कारों में भी होता है, जिससे वाहन की एक्सीलरेशन बेहतर होती है और इंजन की नॉकिंग कम होती है।
सरकार ने E20 पेट्रोल को लागू करने से पहले ऑटोमोबाइल उद्योग और संबंधित संस्थाओं से परामर्श किया है। पुरी ने कहा कि यह कदम देश की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने, कच्चे तेल के आयात को कम करने और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण है।
मंत्री ने सोशल मीडिया पर फैल रही आशंकाओं को भी खारिज करते हुए कहा कि माइलेज में गिरावट बहुत कम है और इसे बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जा रहा है। साथ ही उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि E20 पेट्रोल के इस्तेमाल से वाहन बीमा पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
विशेषज्ञों के अनुसार, एथेनॉल में पेट्रोल की तुलना में ऊर्जा घनत्व कम होता है, जिसके कारण माइलेज में 1-2 प्रतिशत तक की गिरावट देखी जा सकती है। हालांकि सरकार का मानना है कि इसके लाभ—जैसे प्रदूषण में कमी और किसानों की आय में वृद्धि—इस मामूली नुकसान से कहीं अधिक हैं।
सरकार भविष्य में एथेनॉल मिश्रण को और बढ़ाने की दिशा में भी काम कर रही है, जिससे देश को स्वच्छ और आत्मनिर्भर ऊर्जा की ओर ले जाया जा सके।