डीजल बिक्री पर लगी सभी पाबंदियां हटीं: अब एक वाहन में जितना चाहें भरवा सकेंगे डीजल, फैक्ट्रियों को भी राहत
नई दिल्ली: देशभर में डीजल की आपूर्ति सामान्य होने के बाद केंद्र सरकार ने डीजल बिक्री पर लगाई गई सभी अस्थायी पाबंदियां हटा दी हैं। 1 जुलाई से पेट्रोल पंपों पर एक वाहन में प्रतिदिन अधिकतम 200 लीटर डीजल भरवाने की सीमा समाप्त कर दी गई है। अब वाहन मालिक अपनी आवश्यकता के अनुसार किसी भी मात्रा में डीजल खरीद सकेंगे।
इसके साथ ही फैक्ट्रियों, उद्योगों और अन्य बड़े व्यावसायिक उपभोक्ताओं पर लगी खरीद संबंधी रोक भी समाप्त कर दी गई है। अब वे पहले की तरह सामान्य तरीके से पेट्रोल पंपों से डीजल खरीद सकेंगे।
11 जून को लगी थीं पाबंदियां
पेट्रोलियम मंत्रालय ने 11 जून को देश के कुछ हिस्सों में डीजल की आपूर्ति प्रभावित होने और संभावित किल्लत को देखते हुए कई अस्थायी प्रतिबंध लागू किए थे। इसके तहत एक वाहन को प्रतिदिन अधिकतम 200 लीटर डीजल ही दिया जा रहा था, जबकि बड़े औद्योगिक और व्यावसायिक उपभोक्ताओं को केवल बल्क सेल पॉइंट्स से ही ईंधन खरीदने की अनुमति थी।
29 जून के आदेश से हटाया गया प्रतिबंध
सरकार ने 29 जून को जारी नए आदेश में कहा कि देशभर में डीजल की सप्लाई सामान्य हो चुकी है। इसलिए 11 जून को लागू की गई सभी अस्थायी पाबंदियां तत्काल प्रभाव से वापस ली जाती हैं। इसके बाद 1 जुलाई से नई व्यवस्था लागू हो गई है।
आम लोगों और ट्रांसपोर्ट सेक्टर को राहत
सरकार के इस फैसले से सबसे अधिक राहत ट्रांसपोर्ट कंपनियों, ट्रक ऑपरेटरों, बस संचालकों, उद्योगों और बड़े व्यावसायिक उपभोक्ताओं को मिलेगी। अब उन्हें ईंधन खरीदने के लिए अलग से बल्क सेल पॉइंट्स पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। साथ ही आम वाहन चालकों को भी अपनी जरूरत के अनुसार बिना किसी सीमा के डीजल भरवाने की सुविधा मिल सकेगी।
सरकार का कहना है कि ईंधन की उपलब्धता अब पूरी तरह सामान्य है और देशभर में आपूर्ति सुचारु रूप से जारी है। ऐसे में प्रतिबंध हटाने से परिवहन और औद्योगिक गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद है।
By Anirudh Narayan
Intern TWMNEWS