मुंगेर
जिले में बाढ़ के बाद से शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों के छठ घाटों की स्थिति बेहद खराब हो गई है। शहरी क्षेत्र के कई प्रमुख घाटों की सीढ़ियाँ टूट चुकी हैं, वहीं फिसलन और गाद जमा होने से घाट पर श्रद्धालुओं की सुरक्षा खतरे में पड़ गई है। प्रशासन द्वारा अब तक साफ-सफाई और मरम्मत का कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है, जिससे आगामी छठ पर्व के दौरान भक्तों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।
ग्रामीण क्षेत्रों की स्थिति और भी विकट है। बरियारपुर, जमालपुर, और सदर प्रखंड के कई छठ घाटों पर बाढ़ के पानी के उतरने के बाद कीचड़ और दलदल जमा हो चुका है। कई रास्तों पर गहरे गड्ढे और अव्यवस्था ने घाट तक पहुँचने को मुश्किल बना दिया है। ग्रामीणों ने बताया कि प्रशासन की उदासीनता से घाट की स्थिति और बिगड़ती जा रही है।
स्थानीय निवासियों ने मांग की है कि प्रशासन जल्द से जल्द मरम्मत कार्य शुरू करे, ताकि छठ पूजा से पहले घाटों की हालत सुधर सके।